कक्षा 10 विज्ञान – पाठ 13 हमारा पर्यावरण RCSCE Question Bank Solution 2024)

यहां पर आप राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड अजमेर द्वारा जारी किए गए एवं शाला दर्पण की सहायता से बनाए गए क्वेश्चन बैंक कक्षा 10 विज्ञान के पाठ 13 हमारा पर्यावरण   मैं से पूछे जाने वाले सभी ऑब्जेक्टिव प्रश्न और लघु उत्तरात्मक प्रश्नों का जवाब देख सकते हैं, RBSE 10th science 2024 एवं राजस्थान बोर्ड कक्षा 10 की विज्ञान की परीक्षाओं के लिए यह सभी प्रश्न और उनके जवाब आपके लिए काफी फायदेमंद साबित होंगे, RCSCE Question Bank Solution 2024 Class 10th Science को यहां पर एक-एक करके डाला जा रहा है

Watch Video Solution Here

इन प्रश्नों को यहां पर देखने के साथ-साथ आप इन्हें यूट्यूब पर भी देख सकते हैं जिसका पूरा वीडियो आपको नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करने के बाद मिल जाएगा, इस यूट्यूब चैनल पर आपको राजस्थान बोर्ड की प्रत्येक कक्षाओं से जुड़े वीडियो मिल जाएंगे इसीलिए आप इसे जरूर सब्सक्राइब करें

Subscribe “RBSE Classes by Avinash Modi”

Watch Complete Video Solution

OBJECTIVE QUESTIONS

प्राथमिक उपभोक्ता किस पोषक स्तर का निर्माण करते हैंद्वितीय
हरे नीले शैवाल और कुछ जीवाणु जिम प्रकाश संश्लेषण द्वारा स्वपोषी क्षमता होती है उनका क्या कहते हैंउत्पादक
प्रकाश संश्लेषण की क्रिया के लिए सभी हरे पौधे द्वारा प्राप्त होने वाले सौर ऊर्जा का लगभग कितना प्रतिशत खाद्य ऊर्जा के रूप में अवशोषित होता हैएक प्रतिशत
प्रत्येक पोषी स्तर पर उपलब्ध कार्बनिक पदार्थ की मात्रा का औसत कितने प्रतिशत उपभोक्ता के अगले पोषी स्तर तक पहुंचता है10%
ओजोन परत की हानि के लिए उत्तरदाई कारण कौन सा हैक्लोरोफ्लोरोकार्बन
वेज जीव जंतु जो सौर ऊर्जा का उपयोग करके रासायनिक ऊर्जा का निर्माण करते हैंउत्पादक
निम्नलिखित में से कौन सा आहार श्रृंखला का निर्माण करता हैघास बकरी और मानव
सूर्य से आने वाले हानिकारक पराबैंगनी विकिरणों से हमारी सुरक्षा कौन सी परत करती हैओजोन परत
किसी आहार श्रृंखला में चौथे पोषक स्तर पर ऊर्जा की मात्रा 5 किलो जल है तो प्रथम उत्पादक पोषी स्तर पर कितने ऊर्जा रही होगी5000 किलो जूल
सूर्य से आने वाले पराबैंगनी किरणें मानव में क्या उत्पन्न करती हैत्वचा कैंसर
पारितंत्र में ऊर्जा का प्रवाह हमेशाएक दिशा में होता है
एक पारितंत्र में कौन-कौन से घटक शामिल होते हैंजैविक और अजैविक
प्राथमिक उपभोक्ता कौन से पोषी स्तर का निर्माण करते हैंद्वितीय
द्वितीयक उपभोक्ता कौन सी पोषी स्तर का निर्माण करते हैंतृतीय
आहार श्रृंखलाएं शाखाएं की श्रृंखलाओं का एक दाल बनती है जिसे क्या कहा जाता हैआहारजाल

लघुतरात्मक प्रश्न

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम” United Nations Environment Programme.

किसी खाद्य श्रृंखला के विभिन्न चरणों या स्तरों को पोषी स्तर कहते हैं।

  • उदाहरण 1: वायुमंडल में कार्बन डाइऑक्साइड का अत्यधिक उत्सर्जन।
  • उदाहरण 2: जलमार्गों में औद्योगिक अपशिष्ट का निकास।

यदि एक पोषी स्तर के सभी जीवों को मार दिया जाए तो उस स्तर पर उनका संतुलित जीवन रुक जाएगा और वहाँ उत्तराधिकारिय प्राणियों की संख्या बढ़ सकती है।

पारितंत्र में अपघटकों की भूमिका है उन अंगों को बनाए रखना जो प्राणी के जीवन के लिए आवश्यक हैं, जैसे कि उसके डाइजेस्टिव सिस्टम, विषैले पदार्थों का निकास, इत्यादि।

आहार श्रृंखला एक सिस्टम है जिसमें प्राणी एक दूसरे प्राणी को खाते हैं। कुछ पोषी स्तर के आहार श्रृंखला के उदाहरण हैं: नील हरित शेवाल → घास → हिरन → → शेर

वे पदार्थ जो बैक्टीरिया और कवक द्वारा अपघटन की क्रिया से विघटित हो सकते हैं। वे पदार्थ जो जीवाणु और कवक द्वारा अपघटन की क्रिया से अपघटित नहीं सकते हैं। उदाहरण के लिए कार्बनिक पदार्थ जैसे मानव मल, पशु अपशिष्ट, पौधों और जानवरों के मृत शरीर, बचे हुए खाद्य पदार्थ, प्राकृतिक कपड़े जैसे कपास, ऊन आदि

वे पदार्थ जो जीवाणु और कवक जैसे अपघटकों की क्रिया से अपघटित नहीं होते हैं, उन्हें अजैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट कहा जाता है। उदाहरण के लिए: प्लास्टिक, रबड़, कांच, कृत्रिम कपड़े जैसे नायलॉन, रेयान और इलेक्ट्रॉनिक अपशिष्ट जैसे बैटरी आदि।

नहीं, सभी पोषी स्तरों के लिए प्रभाव अलग-अलग नहीं होते। यह सभी पर समान प्रभाव डालता है। किसी पोषी स्तर के जीवों को अन्य पोषी स्तरों को प्रभावित किए बिना हटाना संभव नहीं है।

अजैव निम्नीकरण कचरा जल प्रदूषण , वायु प्रदूषण एवं मृदा प्रदूषण फैलाता है जिसके कारण जलीय जंतुओं, पक्षियों एवं मानव समुदाय के जीवन के लिए खतरा पैदा होता है। इसके कारण पारितंत्र में रहने वाले सभी जीवो का हृास हो सकता है। (३) यह जैविक आवर्धन को बढ़ाता है 

ग्रीन हाउस गैसों (मीथेन, कार्बन डाय ऑक्साइड, ऑक्साइड और क्लोरोफ्लूरोकार्बन) की बढ़ती मात्रा की वजह से इस परत को नुकसान पहुंच रहा है। अगर ओजोन परत को ज्यादा नुकसान पहुंचा तो अल्ट्रावायलेट (परा-बैंगनी) रेडिएशन का खतरा बढ़ जाएगा। इससे मनुष्यों को त्वचा कैंसर होने का खतरा होता है।

चूंकि मनुष्य सर्वोच्च उपभोक्ता है, अतः ये रसायन मनुष्य के शरीर में अन्तिम रूप से पहुँचते हैं और संचित हो जाते हैं। वहाँ मनुष्य के वसीय ऊत्तकों में इन पदार्थों का सांद्रण बढ़ता रहता है। इसे जैव आवर्धन कहते हैं। हाँ, पारितंत्र के विभिन्न स्तरों पर यह आवर्धन भिन्न-भिन्न होगा तथा सर्वोच्च स्तर पर जैव आवर्धन सर्वाधिक होगा

औद्योगिक कचरे के निपटान का एक सामान्य तरीका लैंडफिल के माध्यम से है। अपशिष्ट संघनन, भस्मीकरण, बायोगैस उत्पादन और वर्मीकम्पोस्टिंग अपशिष्ट निपटान के लोकप्रिय तरीके हैं।

कचरा निपटान की समस्या कम करने में हम निम्न योगदान कर सकते –
(i) जैव निम्नीकरणीय एवं अजैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट पदार्थों को अलग -अलग करके समाप्त करना।
(ii) अजैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट पदार्थों का पुनःचक्रण (Recycling) के बाद पुनःउपयोग (Reuse) करना चाहिए। जैसे-प्लास्टिक, धातुएँ आदि।
(iii) जैव निम्नीकरणीय अपशिष्ट पदार्थ जैसे रसोई की बेकार सामग्री, खाना बनाने के बाद बची सामग्री, पत्तियाँ आदि को जमीन में गड्ढा खोदकर इन्हें दबाकर खाद तैयार किया जा सकता है, जिससे पौधों को उच्च कोटि की खाद उपलब्ध हो सके।
(iv) कचरे को आग से जलाकर नष्ट किया जा सकता है एवं बायोगैस का उत्पादन कर कचरा निपटान की समस्या को कम किया जा सकता है।

Download Pdf

RCSCE Question Bank Class 10th Samaijk Vigyan 2024Download pdf
RCSCE Question Bank Class 10th Science 2024Download pdf
Download this answer Key as PdfDownload Now

Read also

Class 10th English RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here
Class 10th Hindi RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here
Class 10th Science RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here
Class 10th Samajik Vigyan RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here
Class 10th Mathematics RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here
Class 10th Sanskrit RCSCE Question Bank Complete SolutionRead here